शहर का पहला अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस स्मार्ट शाैचालय नगर निगम के अफसराें की लापरवाही के कारण टैंडर की शर्ताें में उलझ गया। कंपनी ने डेढ़ साल बाद गाेपालपुरा बाइपास रिद्धि-सिद्धि चाैराहे पर चल रहे स्मार्ट शाैचालय के निर्माण कार्य काे राेक दिया।
दरअसल एक फर्म काे दाे साल पहले नगर निगम ने रिद्धि-सिद्धि चाैराहे पर सुलभ शाैचालय बनाने के लिए टेंडर दिया था। लेकिन सरकार ने मुंबई के तर्ज पर निगम काे शहर में स्मार्ट शाैचालय बनाने के निर्देश दिए ताे निगम के अधिकारियाें ने बिना नए टैंडर के पहले वाली टैंडर की शर्ताें के आधार पर ही फर्म काे माैखिक रूप से राशि बढ़ाने का आश्वासन देकर स्मार्ट शाैचालय के निर्माण कार्य करने की स्वीकृति दे दी।
शाैचालय का निर्माण 50 लाख रुपए की लागत से हाेना है। ऐसे में अब फर्म ने निगम के अधिकारियाें ने टैंडर की राशि नहीं बढ़ाई ताे निर्माण कार्य राेक दिया।
पिछले चार माह से स्मार्ट शाैचालय का निर्माण कार्य नहीं हाे रहा है। जबकि निगम के अधिकारियाें ने संबंधित फर्म काे आधे से ज्यादा राशि का भुगतान भी कर दिया। ऐसे में अफसराें की कार्यशैली पर भी सवाल उठने लगे है।
स्मार्ट शाैचालय में ये सुविधाएं होंगी
शौचालय में एटीएम से लेकर बेबी फीडिंग रूम भी बनाया गया है। महिलाओं के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। शौचालय की छत इस प्रकार बनाई गई है कि वहां खड़े यात्रियों के लिए वेटिंग स्टैंड का कार्य करेगी। फर्म ने स्मार्ट शाैचालय का ढ़ांचा ताे खड़ा कर दिया। लेकिन अभी तक तैयार नहीं हुआ।
^कंपनी ने पुराने टैंडर के आधार पर काम किया है। ऐसे में भुगतान काे लेकर इश्यू है। शाैचालय के नीचे से नाला निकल रहा है। इस कारण भी देरी हुई है। - मनाेज गाेस्वामी, एक्सईएन हैडक्वार्टर, नगर निगम जयपुर
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
टिप्पणियाँ